Fact Check: उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य का एक छोटा वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल है। करीब तीन सेकेंड की क्लिप में वह कहते सुनाई दे रहे हैं, सड़क बनेगी तो धंसेगी, धंसेगी तो बनेगी… यह नॉर्मल है। वीडियो को समाजवादी पार्टी के सोशल मीडिया सेल समेत कई यूजर्स शेयर कर रहे हैं। दावा किया जा रहा है कि पीडब्ल्यूडी मंत्री रहते केशव मौर्य अब सड़क धंसने को भी सामान्य बता रहे हैं। लेकिन Factgiri की पड़ताल में सामने आया कि वायरल क्लिप का कुछ हिस्सा ही शेयर किया जा रहा है, जो कि अधुरा है।
क्या है वायरल वीडियो का दावा?
वायरल पोस्ट में केशव मौर्य के बयान के इस छोटे हिस्से को शेयर करते हुए आरोप लगाया जा रहा है कि सरकार सड़क निर्माण में भ्रष्टाचार और कमीशनखोरी को सामान्य मानती है। वीडियो देखकर ऐसा लगता है कि डिप्टी सीएम सड़क धंसने को लेकर गंभीर नहीं हैं।
Factgiri की पड़ताल में क्या सामने आया?
वायरल क्लिप प्रयागराज के श्रृंगवेरपुर में राम वन गमन मार्ग की सड़क धंसने से जुड़े सवाल के जवाब का हिस्सा है। 6 सितंबर को प्रयागराज पहुंचे केशव मौर्य से पत्रकारों ने सड़क की स्थिति को लेकर सवाल किया था।
मीडिया रिपोर्ट्स में दर्ज उनके पूरे जवाब को देखने पर तस्वीर कुछ अलग सामने आती है। उन्होंने बारिश का हवाला देते हुए कहा कि अत्यधिक बारिश में सिर्फ सड़क ही नहीं, बड़े पुल भी प्रभावित हो सकते हैं। इसके साथ ही उन्होंने स्पष्ट तौर पर कहा कि अगर सड़क निर्माण की गुणवत्ता खराब पाई गई तो जांच कराई जाएगी और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होगी। उन्होंने धंसी हुई सड़क में सुधार कराने की बात भी कही।
यानी वायरल वीडियो में उनके बयान का वही हिस्सा सामने रखा गया है, जिसमें वे कहते हैं कि सड़क धंसेगी तो दोबारा बनेगी, जबकि उसके आगे-पीछे की महत्वपूर्ण बात हटा दी गई है। दैनिक भास्कर ने भी डीप्टी सीएम की ओर से दिए गए बयान पर अपनी रिपोर्ट दी, जिसमें उनके पूरे बयान का उल्लेख है।

Factgiri का निष्कर्ष
वायरल वीडियो के छोटे क्लिप से ऐसा प्रभाव बनाया जा रहा है कि केशव मौर्य सड़क धंसने को सामान्य बताकर निर्माण की खराब गुणवत्ता या भ्रष्टाचार का बचाव कर रहे हैं। जबकि उपलब्ध पूरे बयान में उन्होंने खराब गुणवत्ता मिलने पर जांच और कार्रवाई की बात भी कही थी।
Verdict: MISLEADING | भ्रामक




