Factgiri Fact Check: सोशल मीडिया पर आगरा में एक महिला और उसकी मां की सड़क पर पिटाई का वीडियो वायरल है। पोस्ट में दावा किया जा रहा है कि महिलाएं मदद के लिए चिल्लाती रहीं, राहगीर वीडियो बनाते रहे और पूरा सिस्टम तमाशबीन बना रहा। FactGiri की पड़ताल में वीडियो की घटना असली मिली, लेकिन पुलिस के कार्रवाई न करने का दावा गलत निकला।
क्या है वायरल वीडियो का दावा?
27 सितंबर को @RamnareshY21480 से शेयर किए गए वीडियो में दो महिलाएं सड़क पर रोती और मदद के लिए चिल्लाती दिखाई दे रही हैं। आसपास मौजूद लोग घटना का वीडियो बनाते नजर आते हैं। पोस्ट में इसे यूपी सरकार की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति पर सवाल उठाने से जोड़ा गया।
FactGiri की पड़ताल में क्या सामने आया?
FactGiri ने वायरल वीडियो से जुड़े मामले की जांच की। दैनिक भास्कर और अमर उजाला की रिपोर्ट के मुताबिक, घटना आगरा के थाना एकता क्षेत्र की है और 17 सितंबर 2026 को हुई थी। मामला किसी सार्वजनिक प्रदर्शन या कानून-व्यवस्था की घटना का नहीं, बल्कि पति-पत्नी और उनके परिजनों के बीच चल रहे पुराने पारिवारिक विवाद का था।

रिपोर्ट के अनुसार, विवाद के दौरान महिला के पति और ननदोई ने सड़क पर महिला और उसकी मां के साथ मारपीट की। यही घटना वीडियो में रिकॉर्ड हुई थी।
मामले में आगरा पुलिस का आधिकारिक बयान भी सामने आया है। पुलिस के मुताबिक, सूचना मिलने के बाद थाना एकता की टीम मौके पर पहुंची और घायल महिला व उसकी मां को उपचार तथा मेडिकल परीक्षण के लिए अस्पताल भेजा गया। महिला की शिकायत पर मुकदमा दर्ज करने के बाद पति और ननदोई दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया।
दैनिक भास्कर ने भी दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी की पुष्टि की है। वहीं अमर उजाला और नवभारत लाइव ने घटना और पुलिस कार्रवाई से संबंधित रिपोर्ट प्रकाशित की है।

FactGiri निष्कर्ष: भ्रामक
यानी वीडियो असली है, लेकिन इसे सिस्टम तमाशबीन रहा और पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की” के दावे के साथ शेयर करना तथ्यात्मक रूप से सही नहीं है।




