Fact Check: सोशल मीडिया पर थार से युवती और कुछ युवकों को कुचलने की कोशिश का एक वीडियो समाजवादी पार्टी के सोशल मीडिया सेल ने शेयर किया है। पोस्ट में वीडियो के जरिए भाजपा और योगी सरकार पर गुंडई बढ़ने और महिला सुरक्षा को लेकर सवाल उठाए गए। FactGiri की पड़ताल में सामने आया कि वायरल वीडियो करीब दो साल पुराना है और नोएडा पुलिस इस मामले में मई 2024 में ही कार्रवाई कर चुकी है। बता दें कि सपा मीडिया सेल की ओर से लगातार पुराने और अनवैरिफाइड वीडियो शेयर करके भ्रम फैलाया जा रहा है।
क्या है वायरल वीडियो का दावा?
समाजवादी पार्टी के सोशल मीडिया सेल ने भारत समाचार का वीडियो शेयर किया। इसमें दो अलग-अलग घटनाएं दिखाई देती हैं। एक हिस्से में थार से युवती को कुचलने की कोशिश होती दिखती है, जबकि दूसरे हिस्से में कुछ युवकों की तरफ गाड़ी बढ़ती नजर आती है।
वीडियो के साथ सपा ने लिखा कि यह ‘भाजपाई गुंडई’ है और इसी के जरिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर महिला सुरक्षा और सम्मान को लेकर सवाल उठाए।
FactGiri की पड़ताल में क्या मिला?
वीडियो के मूल स्रोत की तलाश करने पर यही वीडियो भारत समाचार के सोशल मीडिया अकाउंट पर मिला। वहां इसे दो अलग-अलग घटनाओं का वीडियो बताते हुए नोएडा में थार से युवती और युवकों पर गाड़ी चढ़ाने की कोशिश से जुड़ा बताया गया था।
इसके बाद FactGiri ने मामले से जुड़ी पुलिस जानकारी की जांच की। पुलिस कमिश्नरेट गौतम बुद्ध नगर के आधिकारिक बयान के मुताबिक, वीडियो में दिख रही घटना करीब दो वर्ष पुरानी है। पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्ध नगर ने खुद सपा के पोस्ट में रिप्लाई कर इस पूरे मामली की जानकारी दी। गूगल पर कीवर्ड सर्च करने पर हमें टाइम्स ऑफ इंडिया का इसी घटना से संबंधित 2 साल पुराना आर्टिकल मिला, जिससे ये पुष्ट होता है कि वायरल वीडियो 2024 का है।

पुलिस के अनुसार, वीडियो सामने आने के बाद थाना सेक्टर-126, नोएडा में संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था। मामले में कार्रवाई करते हुए 24 मई 2024 को थार जब्त कर चालक को गिरफ्तार कर लिया गया था। इससे साफ है कि वायरल वीडियो जिस घटना का है, उस पर पुलिस कार्रवाई 2024 में ही हो चुकी थी।

निष्कर्ष
थार से युवती और युवकों को कुचलने की कोशिश का वीडियो 2024 के नोएडा मामले का है, कोई नई घटना नहीं। इस मामले में पुलिस ने कार्रवाई कर आरोपी को गिरफ्तार भी कर लिया था।
FactGiri Verdict: भ्रामक




