Factgiri Fact Check: उत्तर प्रदेश के वाराणसी में भीषण बम ब्लास्ट होने और मकान उड़ जाने का दावा सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। ‘The Public Stories’ नाम के सोशल मीडिया पेज से दावा किया गया कि वाराणसी में बड़ा बम धमाका हुआ, जिसमें मकान उड़ गए और प्रशासन के साथ एनडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंची। लेकिन FactGiri की पड़ताल में सामने आया कि वाराणसी में विस्फोट की घटना जरूर हुई थी, मगर यह किसी बम हमले की नहीं, बल्कि सारनाथ क्षेत्र में अवैध रूप से पटाखे बनाने और भंडारण से जुड़े मकान में हुए धमाके की घटना है।
क्या है वायरल दावा?
सोशल मीडिया पर ‘The Public Stories‘ पेज की एक पोस्ट वायरल हो रही है। इसमें वाराणसी में बड़ा बम ब्लास्ट होने और मकान उड़ जाने का दावा किया गया है। पोस्ट में प्रशासन और एनडीआरएफ की टीम के घटनास्थल पर मौजूद होने की बात भी कही गई है।
FactGiri की पड़ताल में क्या सामने आया?
FactGiri ने वायरल दावे की जांच के लिए आजतक, अमर उजाला, एनडीटीवी, टीवी9 भारतवर्ष और इंडियन एक्सप्रेस की समाचार रिपोर्टों की पड़ताल की। इन रिपोर्टों के मुताबिक, 15 अक्टूबर 2026 की शाम करीब पांच बजे सारनाथ थाना क्षेत्र के पैगंबरपुर में राजू खान के मकान में जोरदार विस्फोट हुआ। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि मकान में अवैध रूप से पटाखे बनाए और रखे जा रहे थे। विस्फोट इतना तेज था कि मकान ढह गया और आसपास के मकानों को भी नुकसान पहुंचा।

पुलिस ने आरोपी राजू खान को किया गिरफ्तार
16 अक्टूबर को टीवी9 भारतवर्ष और राजस्थान पत्रिका ने बताया कि पुलिस ने इस मामले में राजू खान को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक, सरायमोहना घाट के पास घेराबंदी के दौरान आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया।
FactGiri का निष्कर्ष
वाराणसी में विस्फोट होने, मकान ढहने और राहत-बचाव टीमों के पहुंचने की खबर सही है। लेकिन इसे बम हमले के रूप में प्रस्तुत करना भ्रामक है। सोशल मीडिया पर मकान गिरने और धुएं के वीडियो को गलत तरीके से बम ब्लास्ट की घटना बताकर शेयर किया जा रहा है।
FACTGIRI VERDICT: MISLEADING / भ्रामक




